CDO: विवेक कुमार श्रीवास्तव ने ‘एक जनपद एक उत्पाद’ प्रशिक्षण का किया निरीक्षण
सीडीओ ने प्रशिक्षण केंद्र में मौजूद कारीगरों और उद्यमियों से उनके सीखे जा रहे कौशल के बारे में जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण को केवल औपचारिकता न समझा जाए, बल्कि इसे आधुनिक बाजार की मांगों के अनुरूप बनाया जाए।

Dinesh Kumar Prajapati
मऊ में मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) विवेक कुमार श्रीवास्तव ने ‘एक जनपद एक उत्पाद’ (ODOP) योजना के तहत चल रहे 10 दिवसीय कौशल एवं उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से बातचीत की और कार्यक्रम की गुणवत्ता तथा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
सीडीओ ने प्रशिक्षण केंद्र में मौजूद कारीगरों और उद्यमियों से उनके सीखे जा रहे कौशल के बारे में जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण को केवल औपचारिकता न समझा जाए, बल्कि इसे आधुनिक बाजार की मांगों के अनुरूप बनाया जाए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने स्पष्ट किया कि इस 10 दिवसीय कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्थानीय शिल्पकारों को केवल हुनरमंद बनाना ही नहीं है, बल्कि उन्हें स्वावलंबी उद्यमी के रूप में विकसित करना है।
उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रशिक्षण पूरा होने के बाद सभी पात्र प्रशिक्षणार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली उन्नत टूलकिट समय पर उपलब्ध कराई जाए। इससे वे तुरंत अपना स्वरोजगार शुरू कर सकेंगे।
मुख्य विकास अधिकारी ने उपायुक्त उद्योग राजेश रोमन को प्रशिक्षण स्थल पर सफाई, पेयजल और सुरक्षा मानकों का पूर्ण पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि प्रशिक्षण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सीडीओ ने कहा, “ODOP योजना हमारे स्थानीय शिल्प की आत्मा है। इस प्रशिक्षण के माध्यम से हम न केवल रोजगार पैदा कर रहे हैं, बल्कि अपनी पारंपरिक कला को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए नई पीढ़ी को तैयार कर रहे हैं।”




