पर्व-त्योहार परंपरा के दायरे में, उपद्रव नहीं : CM योगी आदित्यनाथ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पर्वों को परंपरा के दायरे में मनाने और उपद्रवियों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने चैत्र नवरात्र और ईद की तैयारियों की समीक्षा करते हुए शांति, सुरक्षा और अनुशासन सुनिश्चित करने को कहा।

Sanjay kumar singh , लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि सभी पर्व व त्योहारों का आयोजन परंपरा के दायरे में रहकर किया जाएगा। उन्होंने उपद्रव करने व माहौल बिगाड़ने वालों से सख्ती से निपटने के निर्देश पुलिस को दिए हैं। उन्होंने पुलिस को निर्देश दिए कि हर हाल में शांति, सुरक्षा और अनुशासन सुनिश्चित किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं होगी। मुख्यमंत्री ने बाइक से स्टंट करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
बुधवार देर शाम वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने गुरुवार से प्रारंभ हो रहे चैत्र नवरात्र, 20 मार्च को अलविदा की नमाज और 21 मार्च को ईद-उल-फितर के मद्देनजर प्रशासनिक तैयारियों की समीक्षा की।उन्होंने सभी मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों को निर्देश दिया कि सभी पर्व व त्योहार शांतिपूर्ण माहौल में मनाए जाएं। उन्होंने कहा कि चैत्र नवरात्र के दौरान देवी मंदिरों में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का आगमन होता है। इसलिए मंदिरों में सुरक्षा, स्वच्छता, भीड़ प्रबंधन, पेयजल, प्रकाश और स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। प्रमुख मंदिरों और भीड़ भाड़ वाले स्थलों पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था की जाए।मुख्यमंत्री ने बदायूं, मुरादाबाद, रामपुर, गाजियाबाद, जालौन, गोरखपुर, आगरा, जौनपुर, प्रतापगढ़ और प्रयागराज में हाल में हुई आपराधिक घटनाओं का संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों से कार्रवाई का ब्यौरा लिया।
उन्होंने कहा कि अपराध की एक भी घटना पूरे समाज का माहौल बिगाड़ती है। इसलिए हर शिकायत और हर घटना को गंभीरता से लिया जाए। दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। चेन स्नेचिंग की घटनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने पीआरवी-112 वाहनों की निरंतर गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए।कहा कि अपराधियों में पुलिस की वर्दी का खौफ होना चाहिए। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का उल्लेख करते हुए कहा कि धार्मिक स्थलों पर लाउडस्पीकर की आवाज निर्धारित मानकों के भीतर न होने पर लाउडस्पीकरों को हटाया जाए। उन्होंने गो-आश्रय स्थलों की व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश देते हुए नोडल अधिकारियों की तैनाती के निर्देश दिए। कहा कि गो-आश्रय स्थलों को समयबद्ध राशि भुगतान किया जाए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के बीच भी एलपीजी को लेकर आमजन को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। एलपीजी की आपूर्ति नियमित जारी रखी जाए। जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए।



