उत्तर प्रदेश
कला प्रतियोगिता में DDU का दबदबा, डॉ. गौरीशंकर और डॉ. प्रदीप ने जीते शीर्ष पुरस्कार।
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र (NCZCC) की ओर से 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक आयोजित ‘विकसित भारत के रंग, कला के संग' चित्रकला प्रतियोगिता में दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय (DDU) का दबदबा रहा

Govind Kumar
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र (NCZCC) की ओर से 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक आयोजित ‘विकसित भारत के रंग, कला के संग’ चित्रकला प्रतियोगिता में दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय (DDU) का दबदबा रहा।8 मार्च रविवार को NCZCC प्रयागराज के सभागार में इन प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। वरिष्ठ वर्ग में गोरखपुर विश्वविद्यालय के ललित कला एवं संगीत विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डा. गौरी शंकर चौहान को प्रथम पुरस्कार मिला। उन्हें प्रथम उत्कृष्ट कृति के लिए 1 लाख रुपये का चेक एवं प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।इसी तरह इसी विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डा. प्रदीप साहनी को द्वितीय पुरस्कार मिला। द्वितीय उत्कृष्ट कृति के लिए उन्हें 50 हजार रुपये का चेक तथा प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। युवा वर्ग के प्रतियोगिताओं में इसी विभाग के छात्र अभिषेक पासवान को पहला स्थान मिला। उन्हें 25 हजार रुपये का चेक व प्रमण पत्र दिया गया। दूसरे स्थान पर शिवम कुमार गुप्ता को 15 हजार रुपये का चेक व प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।गोरखपुर विश्वविद्यालय के शिक्षकों तथा विद्यार्थियों की इस सफलता पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने खुशी जताते हुए बधाई दी। उन्होंने कहा कि ललित कला एवं संगीत विभाग के शिक्षक डा. गौरी शंकर चौहान तथा डा. प्रदीप साहनी ने अपनी कलात्मक प्रतिभा का बेजोड़ परिचय दिया है। इनकी प्रतिभा का असर इनके विद्यार्थियों पर भी दिख रहा है। अभिषेक पासवान और शिवम् गुप्ता इसके उदाहरण हैं।लित कला एवं संगीत विभाग के अध्यक्ष एवं तरंग की निदेशक प्रोफेसर उषा सिंह ने कहा के हमारे विभाग में प्रतिभा की कमी नहीं है वह चाहे शिक्षक हो या विद्यार्थी सभी बेहतरीन दिशा में काम कर रह रहें है।अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रोफेसर अनुभूति दुबे ने सभी को बधाई देते हुए कहा कि शिक्षकों और विद्यार्थियों को यह पुरस्कार पाना विश्वविद्यालय के लिए गर्व की बात है इससे हम सभी का मान और सम्मान बड़ा है । विभाग के समस्त कर्मचारियों तथा छात्र छात्राओं ने भी उन सभी की सफलता पर उन्हें बधाई दी है ।




