उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य : नूर्नबर्ग किला एवं संग्रहालय का भ्रमण किया।

लखनऊ/नूर्नबर्ग (जर्मनी), दिनांक
उत्तर प्रदेश के माननीय उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य जी ने जर्मनी प्रवास के दौरान प्रतिनिधिमंडल के अन्य सदस्यों के साथ जर्मनी के ऐतिहासिक शहर नूर्नबर्ग स्थित प्रसिद्ध Nuremberg castle का भ्रमण किया। यह ऐतिहासिक किला शक्ति, शासन व्यवस्था, सांस्कृतिक समृद्धि और यूरोपीय सभ्यता की गौरवशाली विरासत का जीवंत प्रतीक माना जाता है। मध्यकालीन कालखंड में यह स्थल शाही सभाओं, उच्च स्तरीय राजनीतिक बैठकों तथा साम्राज्यिक निर्णयों का प्रमुख केंद्र रहा, जिसके आसपास समय के साथ नूर्नबर्ग नगर का विकास हुआ और वह आगे चलकर व्यापार, उद्योग एवं वित्तीय गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र बन गया। भ्रमण के दौरान उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि किसी भी प्रदेश या राष्ट्र के विकास में उसकी ऐतिहासिक धरोहर, सुव्यवस्थित शहरी नियोजन और उद्योग-व्यापार की सुदृढ़ परंपरा का महत्वपूर्ण योगदान होता है। जर्मनी ने अपनी सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित रखते हुए आधुनिक औद्योगिक और आर्थिक प्रगति का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया है। उत्तर प्रदेश भी अपनी ऐतिहासिक पहचान को सुरक्षित रखते हुए आधुनिक आधारभूत संरचना, निवेश और औद्योगिक विकास के मार्ग पर तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के ऐतिहासिक एवं आर्थिक रूप से विकसित शहरों का अध्ययन उत्तर प्रदेश में पर्यटन विकास, हेरिटेज संरक्षण, शहरी प्रबंधन तथा निवेश आकर्षण की नीतियों को और अधिक प्रभावी बनाने में सहायक होगा। प्रतिनिधिमंडल ने यहां की संग्रहालय व्यवस्था, धरोहर संरक्षण तकनीकों तथा पर्यटन प्रबंधन प्रणाली का विस्तृत अवलोकन किया और उन्हें प्रदेश में लागू करने की संभावनाओं पर चर्चा की।
श्री मौर्य जी ने भी कहा कि नूर्नबर्ग का संतुलित विकास मॉडल — जिसमें विरासत संरक्षण और आधुनिक आर्थिक गतिविधियां साथ-साथ चलती हैं — उत्तर प्रदेश के ऐतिहासिक नगरों के लिए प्रेरणादायक है। इससे प्रदेश में पर्यटन आधारित रोजगार, स्थानीय उद्योग और सांस्कृतिक अर्थव्यवस्था को नई गति दी जा सकती है। इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने जर्मनी की प्रशासनिक कार्यप्रणाली, विरासत प्रबंधन और शहरी विकास से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी प्राप्त की तथा भविष्य में सांस्कृतिक एवं पर्यटन सहयोग की संभावनाओं पर सकारात्मक विचार-विमर्श किया।




